Class 12 यथार्थवाद और आदर्शवाद Objective Questions Bihar Board

बिहार बोर्ड कक्षा 12: यथार्थवाद और आदर्शवाद के वस्तुनिष्ठ प्रश्न

बिहार बोर्ड कक्षा 12 के राजनीति विज्ञान (Rajniti Vigyan) या दर्शनशास्त्र (Philosophy) के पाठ्यक्रम में यथार्थवाद (Realism) और आदर्शवाद (Idealism) महत्वपूर्ण अवधारणाएँ हैं। यह पृष्ठ इन्हीं दोनों विचारधाराओं पर आधारित वस्तुनिष्ठ प्रश्नों (Objective Questions) का संग्रह प्रदान करता है।

परीक्षा की तैयारी के लिए ये प्रश्न कैसे उपयोगी हैं?

  • बिहार बोर्ड परीक्षा पैटर्न में वस्तुनिष्ठ प्रश्नों का एक पूरा खंड होता है।
  • ये प्रश्न यथार्थवाद (वस्तुवाद) और आदर्शवाद (प्रत्ययवाद) की मूलभूत परिभाषाओं, विशेषताओं और दार्शनिकों से संबंधित हैं।
  • इनका अभ्यास आपकी अवधारणात्मक समझ को मजबूत करेगा और परीक्षा में सटीक उत्तर देने में मदद करेगा।

नीचे दिए गए लिंक्स से आप संबंधित श्रेणी, कक्षा और विषय के अन्य अध्ययन सामग्री तक पहुँच सकते हैं।

Browse Bihar Board Class 12th यथार्थवाद (वस्तुवाद) एवं आदर्शवाद (प्रत्ययवाद) Objective Questions by Chapter

Select a chapter from the options below to access Bihar Board Class 12th यथार्थवाद (वस्तुवाद) एवं आदर्शवाद (प्रत्ययवाद) Objective Questions for that specific chapter. Each chapter page contains all available questions and study materials.

यथार्थवाद और आदर्शवाद: महत्वपूर्ण वस्तुनिष्ठ प्रश्न

बिहार बोर्ड कक्षा 12 के पाठ्यक्रम में पश्चिमी राजनीतिक विचारधारा के अंतर्गत यथार्थवाद और आदर्शवाद का अध्ययन किया जाता है। यहाँ इन दोनों से जुड़े कुछ मुख्य वस्तुनिष्ठ प्रश्न दिए जा रहे हैं।

यथार्थवाद (Realism / Yatharthavad) पर आधारित प्रश्न

यथार्थवाद एक ऐसी विचारधारा है जो वास्तविकता को उसके वर्तमान रूप में स्वीकार करती है और आदर्शों के स्थान पर व्यावहारिकता पर बल देती है।

  • प्रश्न: यथार्थवाद का मुख्य सिद्धांत क्या है?
    संकेत: यह शक्ति और राष्ट्र हित को प्राथमिकता देता है।
  • प्रश्न: यथार्थवाद के प्रमुख समर्थक कौन माने जाते हैं?
    संकेत: थ्यूसिडाइड्स, निकोलो मैकियावेली, थॉमस हॉब्स।
  • प्रश्न: राज्य के संदर्भ में यथार्थवादी दृष्टिकोण क्या है?
    संकेत: राज्य एक शक्तिशाली संस्था है, व्यक्ति की इच्छा से ऊपर।

आदर्शवाद (Idealism / Aadarshvad) पर आधारित प्रश्न

आदर्शवाद वह दर्शन है जो विश्व की एक आदर्श व्यवस्था में विश्वास रखता है। यह नैतिकता, न्याय और सार्वभौमिक शांति जैसे मूल्यों पर केंद्रित है।

  • प्रश्न: आदर्शवाद का राजनीतिक सिद्धांत किस पर जोर देता है?
    संकेत: नैतिक मूल्य, अंतर्राष्ट्रीय कानून और सहयोग।
  • प्रश्न: आदर्शवाद के प्रमुख विचारक कौन हैं?
    संकेत: प्लेटो, इमैनुएल कांट, महात्मा गांधी।
  • प्रश्न: आदर्शवादी अंतर्राष्ट्रीय संबंधों को कैसे देखते हैं?
    संकेत: राष्ट्रों के बीच शांतिपूर्ण सहअस्तित्व और सहयोग संभव है।

यथार्थवाद और आदर्शवाद में अंतर

दोनों विचारधाराओं के बीच मूलभूत अंतर को समझना जरूरी है।

  • वास्तविकता का दृष्टिकोण: यथार्थवादी जगत को यथार्थ रूप में देखते हैं जबकि आदर्शवादी इसे एक आदर्श रूप में बदलना चाहते हैं।
  • मानव स्वभाव: यथार्थवाद मानव को स्वार्थी मानता है, आदर्शवाद उसमें अच्छाई देखता है।
  • राजनीति का उद्देश्य: यथार्थवाद के लिए उद्देश्य शक्ति प्राप्त करना है, आदर्शवाद के लिए नैतिक लक्ष्यों की प्राप्ति है।

बिहार बोर्ड परीक्षा में इन दोनों विचारधाराओं से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं। इन वस्तुनिष्ठ प्रश्नों के नियमित अभ्यास से आप पाठ्यपुस्तक में दिए गए इन अध्यायों की तैयारी बेहतर तरीके से कर सकते हैं। परीक्षा में अच्छे अंक लाने के लिए इन प्रश्नों के साथ-साथ पाठ्यपुस्तक के मूल भाग को भी ध्यान से पढ़ें।